Bản dịch tiếng Ấn Độ - 'Azizul Haq Al-'Umri
Dịch thuật ý nghĩa Kinh Qur'an
Người dịch 'Azizul Haq Al-'Umri.
إِذَا ٱلسَّمَآءُ ٱنشَقَّتۡ
जब आकाश फट जाएगा।
وَأَذِنَتۡ لِرَبِّهَا وَحُقَّتۡ
और अपने पालनहार के आदेश पर कान लगाएगा और यही उसके योग्य है।
وَإِذَا ٱلۡأَرۡضُ مُدَّتۡ
तथा जब धरती फैला दी जाएगी।
وَأَلۡقَتۡ مَا فِيهَا وَتَخَلَّتۡ
और जो कुछ उसके भीतर है, उसे निकाल बाहर फेंक देगी और खाली हो जाएगी।
وَأَذِنَتۡ لِرَبِّهَا وَحُقَّتۡ
और अपने पालनहार के आदेश पर कान लगाएगी और यही उसके योग्य है।[1]
يَٰٓأَيُّهَا ٱلۡإِنسَٰنُ إِنَّكَ كَادِحٌ إِلَىٰ رَبِّكَ كَدۡحٗا فَمُلَٰقِيهِ
ऐ इनसान! निःसंदेह तू कठिन परिश्रम करते-करते अपने पालनहार की ओर जाने वाला है, फिर तू उससे मिलने वाला है।
فَأَمَّا مَنۡ أُوتِيَ كِتَٰبَهُۥ بِيَمِينِهِۦ
फिर जिस व्यक्ति को उसका कर्मपत्र उसके दाहिने हाथ में दिया गया।
فَسَوۡفَ يُحَاسَبُ حِسَابٗا يَسِيرٗا
तो उसका आसान हिसाब लिया जाएगा।
وَيَنقَلِبُ إِلَىٰٓ أَهۡلِهِۦ مَسۡرُورٗا
तथा वह अपने लोगों की ओर ख़ुश-ख़ुश लौटेगा।
وَأَمَّا مَنۡ أُوتِيَ كِتَٰبَهُۥ وَرَآءَ ظَهۡرِهِۦ
और लेकिन जिसे उसका कर्मपत्र उसकी पीठ के पीछे दिया गया।
فَسَوۡفَ يَدۡعُواْ ثُبُورٗا
तो वह विनाश को पुकारेगा।
وَيَصۡلَىٰ سَعِيرًا
तथा जहन्नम में प्रवेश करेगा।
إِنَّهُۥ كَانَ فِيٓ أَهۡلِهِۦ مَسۡرُورًا
निःसंदेह वह अपने घर वालों में बड़ा प्रसन्न था।
إِنَّهُۥ ظَنَّ أَن لَّن يَحُورَ
निश्चय उसने समझा था कि वह कभी (अल्लाह की ओर) वापस नहीं लौटेगा।
بَلَىٰٓۚ إِنَّ رَبَّهُۥ كَانَ بِهِۦ بَصِيرٗا
क्यों नहीं, निश्चय उसका पालनहार उसे देख रहा था।[2]
فَلَآ أُقۡسِمُ بِٱلشَّفَقِ
मैं क़सम खाता हूँ शफ़क़ (सूर्यास्त के बाद की लाली) की।
وَٱلَّيۡلِ وَمَا وَسَقَ
तथा रात की और उसकी जो कुछ वह एकत्रित करती है!
وَٱلۡقَمَرِ إِذَا ٱتَّسَقَ
तथा चाँद की, जब वह पूरा हो जाता है।
لَتَرۡكَبُنَّ طَبَقًا عَن طَبَقٖ
तुम अवश्य एक अवस्था से दूसरी अवस्था में स्थानांतरित होते रहोगे।
فَمَا لَهُمۡ لَا يُؤۡمِنُونَ
फिर उन्हें क्या हो गया है कि वे ईमान नहीं लाते?
وَإِذَا قُرِئَ عَلَيۡهِمُ ٱلۡقُرۡءَانُ لَا يَسۡجُدُونَۤ۩
और जब उनके सामने क़ुरआन पढ़ा जाता है, तो सजदा नहीं करते।[3]
بَلِ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ يُكَذِّبُونَ
बल्कि जिन्होंने कुफ़्र किया, वे (उसे) झुठलाते हैं।
وَٱللَّهُ أَعۡلَمُ بِمَا يُوعُونَ
और अल्लाह सबसे अधिक जानने वाला है जो कुछ वे अपने भीतर रखते हैं।
فَبَشِّرۡهُم بِعَذَابٍ أَلِيمٍ
अतः उन्हें एक दर्दनाक यातना की शुभ सूचना दे दो।
إِلَّا ٱلَّذِينَ ءَامَنُواْ وَعَمِلُواْ ٱلصَّٰلِحَٰتِ لَهُمۡ أَجۡرٌ غَيۡرُ مَمۡنُونِۭ
परंतु जो लोग ईमान लाए तथा उन्होंने सत्कर्म किए, उनके लिए कभी न समाप्त होने वाला बदला है।[4]
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